उच्छिष्ट चंडालिनी मंत्र
उच्छिष्ट चंडालिनी मंत्र मंत्र - -- मातंगी मातंगी मतंग की पुत्री शंकर की प्यारी बाणी दोष काटे शत्रु नासे गूढज्ञान लावे आगम निगम बतावे शय्या सुख दिलावे जो न करे ऐसा तो शिव भोले की दुहाई ॥ उच्छिष्ट चांडालिनी (जिन्हें मातंगी देवी का एक रूप माना जाता है) की साधना तंत्र शास्त्र में अत्यंत प्रभावशाली और शीघ्र फलदायी मानी गई है। इनके मंत्रों का प्रयोग मुख्य रूप से वाक-सिद्धि, शत्रु बाधा निवारण, और जीवन के समस्त सुखों की प्राप्ति के लिए किया जाता है। शास्त्रों के अनुसार, माँ उच्छिष्ट चांडालिनी की साधना में 'शुद्धि' के सामान्य नियम लागू नहीं होते, इसीलिए इन्हें "उच्छिष्ट" (जो स्वच्छ न हो या जूठा हो) कहा जाता है। मुख्य मंत्र (Ucchista Chandalini Mantra) सबसे प्रचलित और प्रभावशाली मंत्र इस प्रकार है: मंत्र: > ॐ ह्रीं क्लीं हूं मातंग्यै फट् स्वाहा ॥ > साधना से जुड़ी महत्वपूर्ण बातें * वाक सिद्धि: इस मंत्र के नियमित और विधिबद्ध जाप से साधक की वाणी सत्य होने लगती है और उसमें सम्मोहन शक्ति आती है। * निर्भयता: यह साधना भय का नाश करती है और व्यक्ति के भीतर अटूट आत्मविश्वास भरती...